पूर्वांचल एक्सप्रेस वे पर लड़ाकू विमानों का दिखेगा करतब, जायजा लेने पहुंचे सेना के अधिकारी

On

सुलतानपुर। पूर्वांचल एक्सप्रेस वे के लोकार्पण के मौके पर एयर स्ट्रिप पर पूर्व इंडियन एयर फोर्स के ’सुखोई, जगुआर व मिराज’ जैसे लड़ाकू विमान उतरे थे।

सुलतानपुर, बलिया तक। पूर्वांचल एक्सप्रेस वे के लोकार्पण के मौके पर एयर स्ट्रिप पर पूर्व इंडियन एयर फोर्स के ’सुखोई, जगुआर व मिराज’ जैसे लड़ाकू विमान उतरे थे। आसमान में इनके करतब सभी ने देखे थे। अब लगभग डेढ़ वर्ष बाद वही नजारा एक बार फिर देखने को मिल सकता है। इसके लिए यूपीडा एयर स्ट्रिप की मरम्मत का कार्य करा रहा है। सप्ताह भर के अंदर आज दूसरी बार एयरफोर्स के अधिकारी फिर निरीक्षण पर पहुंचे हैं। कयास लगाया जा रहा है कि 24 या 25 जून को एयरफोर्स के जंगी जहाज यहां फिर लैंड करेंगे।

बीते 9 जून (शुक्रवार) को पूर्वांचल एक्सप्रेस वे पर जयसिंहपुर के अरवल कीरी करवत में बनी एयरस्ट्रिप पर एयरफोर्स के अधिकारी पहुंचे थे। डीएम जसजीत कौर, एसपी सोमेन वर्मा व जिले के अन्य अधिकारियों के साथ एयरफोर्स के अधिकारियों ने एयर स्ट्रिप का घंटों गहनता के साथ निरीक्षण किया और अधिकारियों को उचित निर्देश देकर वे वापस लौट गए थे। इसके ठीक दो दिन बाद एयर स्ट्रिप का 5 (पांच) किमी. का एरिया ब्लॉक किया गया। किमी. 124 से किमी. 129 तक के एरिये को यूपीडा द्वारा बैरिकेडिंग कर मरम्मत कार्य शुरू किया गया। ये मार्ग अब 25 जून की रात को खुलेगा ऐसी जानकारी यूपीडा द्वारा दी गई है। ऐसे में पूर्वांचल एक्सप्रेस वे की लिंग रोड से वाहन निकाले जा रहे हैं। वही आज एयरफोर्स के जहाज से आज वायुसेना के अधिकारी पहुंचे हैं। यूपीडा कर्मी ज्ञानेंद्र त्रिपाठी ने बताया कि एयर स्ट्रिप के रखरखाव, मेंटेनेंस का कार्य चल रहा है। हमने 4.7 किमी. के एरिये को एक्वायर किया है, जिसमें एयर स्ट्रिप का एरिया 4.3 है। यूपीडा के मैनेजर मनोज सिंह ने बताया कि एयर स्ट्रिप के मेंटेनेंस के लिए हम लोग पांच किमी. का डायवर्जन कराए हैं। 124.700 से 129.700 तक डायवर्जन है। राजस्थान के जयपुर के रहने वाले सुरेंद्र कुमार मीणा डायवर्जन के बाद पूर्वांचल एक्सप्रेस वे से निकले। उन्होंने कहा कि पांच किमी का डायवर्जन दिया गया है। हो सकता है देश के विकास में, या रोड के विकास में ये अच्छा काम हो रहा हो। लेकिन आम जनता को परेशानी ये है कि पांच किमी. का डायवर्जन होकर जा रहा है। पहले लोग आते थे सीधे निकल जाते थे, आदत भी हो गई थी। अब जो दिया गया है वो पांच किमी. घूमा करके दिया गया है। हम ये कह रहे हैं कि लोगों को इसके लिए सुविधा भी दिया जाना चाहिए था। ये जो पांच किमी. का डायवर्जन है तो उसका जो टोल है उसमें भी थोड़ी रियायत देना चाहिए था। वही बिहार से आ रहे मुकेश ने बताया कि अब आगे जाने में ये जो पांच किमी. का डायवर्जन हुआ है उससे दिक्कत तो आई है थोड़ी बहुत। थोड़ा दायरा बढ़ जाएगा, थोड़ा टाइम बढ़ेगा।

आपको बता दें कि लखनऊ-गाजीपुर पूर्वांचल एक्सप्रेस वे पर कूरेभार के अरवलकीरी करवत में एयरफोर्स के विमानो की इमरजेंसी लैंडिंग के लिए एयर स्ट्रिप का निर्माण किया गया है। वायुसेना ने यूपीडा के अधिकारियों को एयर स्ट्रिप की मरम्मत करवाने का निर्देश दिया था। इस निर्देश पर यूपीडा की ओर से एक्सप्रेसवे के एयर स्ट्रिप को आवागमन के लिए 11 से 25 जून तक बंद कर दिया गया है। एक्सप्रेस वे की एयर स्ट्रिप पर यातायात बंद करके कंपनी की ओर से मरम्मत शुरू करा दी गई है। कंपनी के अधिकारियों की देख-रेख में काम चल रहा है। इसमें मशीनें भी लगाई गई हैं। एयर स्ट्रिप पर 11 से 22 जून तक मरम्मत कार्य चलेगा। इसके बाद 23 जून को वायुसेना के अधिकारी एयर स्ट्रिप का निरीक्षण कर सकते हैं। निरीक्षण में एयर स्ट्रिप ठीक पाए जाने के बाद वायुसेना के अधिकारियों की ओर से लड़ाकू विमानों का रिहर्सल करने का कायास लगाया जा रहा है। फिलहाल वायुसेना के रिहर्सल कार्यक्रम का स्पष्ट आदेश व तिथि नीयत नहीं है। बताते चले कि यूपी चुनाव से ठीक पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 16 नवंबर 2021 को पूर्वांचल एक्सप्रेसवे का लोकार्पण अरवलकीरी करवत गांव के पास बनी एयर स्ट्रिप पर किया था। लोकार्पण के मौके पर एयर स्ट्रिप पर एयरफोर्स के सुखोई, जगुआर व मिराज जैसे लड़ाकू जहाजों ने आसमान में करीब एक घंटे तक करतब दिखाए थे। खुद पीएम मोदी एयरफोर्स के हरक्युलिस जहाज से एयर स्ट्रिप पर उतरे थे।

Ballia Tak on WhatsApp

Comments

Post A Comment