नियमितीकरण की मांग को लेकर शिक्षामित्रों ने किया प्रदर्शन, मुख्यमंत्री को भेजा ज्ञापन

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Ballia News : सुप्रीम कोर्ट द्वारा समायोजन निरस्त होने के छह वर्षों बाद भी प्रदेश सरकार की ओर से भविष्य को लेकर उचित कदम नहीं उठाये जाने से खिन्न शिक्षामित्रों ने मंगलवार कलक्ट्रेट में प्रदर्शन किया।

Ballia News : सुप्रीम कोर्ट द्वारा समायोजन निरस्त होने के छह वर्षों बाद भी प्रदेश सरकार की ओर से भविष्य को लेकर उचित कदम नहीं उठाये जाने से खिन्न शिक्षामित्रों ने मंगलवार कलक्ट्रेट में प्रदर्शन किया। शिक्षामित्रों ने मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी के प्रतिनिधि को सौंपा। इससे पहले छह वर्षों में मृत हजारों शिक्षामित्रों को भावभीनी श्रद्धांजलि दी। यही नहीं, शिक्षा मित्रों ने हाथ में काली पट्टी बांधकर 25 जुलाई को ब्लैक डे के रूप में मनाया। 

उत्तर प्रदेश प्राथमिक शिक्षा मित्र संघ के जिलाध्यक्ष पंकज सिंह ने कहा कि 22 वर्षों से प्राथमिक विद्यालयों में बच्चों को शिक्षा मित्र शिक्षा दे रहे हैं। लेकिन प्रदेश के लगभग 1.5 लाख शिक्षा मित्र वर्तमान में अपने बच्चों की पढ़ाई, परिवार की परवरिश, दवा, बच्चों की शादी आदि को लेकर चिन्तित हैं। प्रदेश के शिक्षा मित्रों की आर्थिक स्थिति काफी दयनीय हो चुकी है। इसके कारण प्रत्येक दिन कुछ न कुछ शिक्षा मित्र की असामयिक मृत्यु हो रही है।

उन्होंने कहा कि शिक्षामित्रों की मांग है कि नियमावली में संशोधन कर उन्हें पुनः समायोजित/नियमित किया जाय। समायोजन प्रक्रिया पूर्ण होने तक 12 माह 62 वर्ष की सेवा सुरक्षित करते हुए सम्मानजनक वेतनमान दिया जाय। नई शिक्षा नीति में शिक्षा मित्रों को सम्मिलित कर इनका भविष्य सुरक्षित किया जाय। मृतक शिक्षा मित्रों को अहेतुक सहायता प्रदान करते हुए परिवार के आश्रित को जीविकोपार्जन हेतु नियुक्ति प्रदान की जाय।

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टीईटी पास शिक्षा मित्रों को नियमों में शिथिलता देते हुए सहायक अध्यापक पद पर नियमित किया जाय। मूल विद्यालय में वापसी से वंचित शिक्षा मित्रों को पुनः एक अवसर प्रदान करते हुए मूल विद्यालय में वापस किया जाय एवं महिला शिक्षा मित्रों का विवाहोपरान्त उनके ससुराल के जनपद के विद्यालय में स्थानान्तरित किया जाय।

उन्होंने चेतावनी दी कि अगस्त में शिक्षामित्रों के मामले में उचित निर्णय नहीं लिया जाता है तो वर्षों से आर्थिक एवं मानसिक प्रताड़ना झेल रहे प्रदेश के लाखों शिक्षामित्र सितम्बर में अपनी व्यथा को प्रदेश सरकार/मुख्यमंत्री तक पहुंचाने एवं उसके उचित समाधान होने तक लखनऊ में डेरा डालने के लिए मजबूर होंगे।

इस दौरान अखिलेश पांडेय प्रदेश मंत्री, अमृत सिंह जिला महामंत्री, राकेश पांडे कोषाध्यक्ष, निर्भय नारायण राय जिला प्रवक्ता, अजय श्रीवास्तव जिला मंत्री, राजीव कुमार मिश्र जिला संगठन मंत्री, हरे राम यादव जिला मंत्री, परवेज अहमद मिडिया प्रभारी, सूर्यनाथ राम बलिष्ठ उपाध्यक्ष, धर्म नाथ सिंह, भरत यादव मण्डल मंत्री, तेज नारायण सिंह ब्लाक अध्यक्ष, मंजूर हुसैन ब्लाक अध्यक्ष, शाहिद खातून, डिंपल सिंह जिला मंत्री, निरुपमा सिंह, प्रियंका सिंह, वंदना तिवारी, उर्मिला सिंह, रिंकू सिंह, माधुरी, इंद्रेश कुमार चौहान, राजेश प्रजापति, अभिषेक पाल, अजय कुमार सिंह, हरीश शुक्ला, जयप्रकाश तिवारी ब्लाक अध्यक्ष, अजय कुमार त्रिपाठी, राघवेंद्र प्रताप सिंह, जय प्रकाश पांडे, विनय कुमार, मनीष कुमार सिंह ब्लाक अध्यक्ष, शशि भूषण और विनोद चौबे ब्लाक अध्यक्ष, सुनील कुमार, अखिलेश कुमार वर्मा ब्लाक अध्यक्ष, मृत्युंजय कुमार सिंह, मुकेश कुमार राय, मनोज कुमार यादव, संजय प्रसाद, प्रदीप कुमार यादव, आनंद कुमार पांडे ब्लाक अध्यक्ष, रणवीर सिंह ब्लाक अध्यक्ष, श्रीनाथ राम, अजय सिंह ब्लाक अध्यक्ष, सुरेंद्र यादव, बहादुर यादव, विनय कुमार, जितेंद्र कुमार सिंह, रंजू मिश्रा, रविता यादव, बृजेश राम, हंसराज गिरी व योगेंद्र राम समेत तमाम शिक्षामित्र मौजूद रहे। 

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